4.5 साल नीतू पांडेय व 1.5 साल पिंकू पांडेय रहे हैं प्रमुख
फिर से पिंकू के पास लौट आई है प्रमुख की कमान![]()
दिवंगत आशुतोष रंजन
प्रियरंजन सिन्हा
बिंदास न्यूज, गढ़वा
गढ़वा : गढ़वा जिलांतर्गत कांडी के नवनिर्वाचित प्रखंड प्रमुख पिंकू पांडेय सपरिवार का तीसरी बार इस कुर्सी पर कब्जा हुआ है। यह कुर्सी पूर्व में भी 6 साल तक इस परिवार के पास रही है। जो तीसरी बार पुनः वापस मिल गई है। मालूम हो कि 20 जनवरी 2015 को सत्येंद्र कुमार पांडेय उर्फ पिंकू पांडेय की पत्नी नीतू पांडे ने कांडी के प्रखंड प्रमुख का चुनाव लड़ा था। उस समय यह सीट अनारक्षित महिला के लिए रिजर्व था। उस चुनाव में ज्ञान्ती देवी पति राजेंद्र प्रसाद निवासी ग्राम सेमौरा को निर्वाचित घोषित किया गया था। यह परिणाम एक वोट के रद्द होने से आया था। इसके बाद नीतू पांडेय ने तत्कालीन उपायुक्त सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी के पास चुनाव को चैलेंज कर दिया। उनके आपत्ति दर्ज किए जाने के बाद चुनाव में प्रयुक्त मत पत्रों की जांच की गई। जिसमें शिवपुर पंचायत की पंचायत समिति सदस्य शोभा देवी के रद्द मत पत्र को वैलिड माना गया। हुआ यह था कि नीतू पांडेय के रिक्त खाने के स्थान पर उनके नाम वाले खाने में वोट दे दिया गया था। जिसे जांच में सही करार दिया गया। जिसका नतीजा हुआ कि नीतू पांडेय को 30 नवंबर 2017 को बतौर प्रखंड प्रमुख निर्वाचित घोषित कर दिया गया। इस पद पर नीतू पांडेय 2022 के जून महीने तक बनी रहीं। कारण रहा कि कोरोना संकट के कारण 2020 में होने वाला चुनाव दो वर्षों तक टलता रहा। मई 2022 में पंचायत का दूसरा आम चुनाव संपन्न हुआ। जिसमें बलियारी पंचायत के दक्षिणी सीट से सत्येंद्र कुमार पांडेय उर्फ पिंकू पांडेय पंचायत समिति सदस्य निर्वाचित हुए। इस बार प्रमुख का पद अनारक्षित सामान्य के लिए आरक्षित कर दिया गया। पिंकू पांडेय ने खुद प्रमुख का चुनाव लड़ा। 15 जून 2022 को पिंकू पांडेय ने कांडी प्रखंड प्रमुख के रूप में चुनाव जीत लिया। वे 18 महीने तक इस पद पर बने रहे। 4 जनवरी 2025 को कांडी प्रखंड के विभिन्न पंचायत से निर्वाचित पंचायत समिति सदस्यों ने प्रमुख के विरुद्ध अविश्वास का प्रस्ताव पेश कर दिया। इस प्रस्ताव पर निर्णय लेने के लिए 18 जनवरी 2025 को सदर अनुमंडल कार्यालय गढ़वा में बैठक बुलाई गई। इस बैठक में 18 – 0 से अविश्वास प्रस्ताव पारित हो गया। इस दिन पिंकू पांडेय को अपना पद छोड़ना पड़ा। पुन: राज्य निर्वाचन आयोग ने 19 जनवरी 2026 को कांडी प्रखंड प्रमुख के चुनाव के लिए बैठक बुलाने की तिथि तय की। इस दिन भारी गहमागहमी एवं पुलिसिया छावनी के बीच हुए चुनाव में सत्येंद्र कुमार पांडेय उर्फ पिंकू पांडेय 12 – 8 के अंतर से एक बार फिर प्रखंड प्रमुख चुन लिए गए। इतिहास ने करवट लिया। जिन्होंने पिंकू पांडेय पर अविश्वास करते हुए उन्हें उनके पद से हटा दिया था। उन्हीं लोगों ने फिर से उन्हें अपना प्रमुख चुन लिया। इस प्रकार 2010 में हुए पंचायत के पहले आम चुनाव में प्रमुख चुनी गई सीता देवी ने 5 साल का कार्यकाल पूरा किया था। उसके बाद ज्ञान्ती देवी 3 साल प्रमुख रहीं। जबकि नीतू पांडेय साढ़े 4 साल इस पद पर बनी रहीं। वहीं पिंकू पांडेय डेढ़ साल तक प्रमुख के पद पर काबिज रहे। उनके बाद एक साल यह पद उप प्रमुख नारायण यादव के प्रभार में रहा। इस प्रकार प्रथम चुनाव से लेकर अभी तक 15 साल की अवधि में पांच व्यक्ति बतौर प्रमुख यह पद संभाल चुके हैं। कार्यकाल की गिनती करें तो छठे प्रमुख के हाथ में प्रखंड की कमान गई है। अगर व्यक्ति की गणना करें तो पांचवें व्यक्ति ने यह पद संभाला है।








