बाजार समिति परिसर में लागू होंगे कड़े नियम
नियम न माने तो बाजार समिति में गोवंशीय व्यापार पर लगेगी रोक : एसडीएम
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दिवंगत आशुतोष रंजन
प्रियरंजन सिन्हा
बिंदास न्यूज, गढ़वा
गढ़वा : कृषि बाजार समिति परिसर में प्रत्येक गुरुवार को लगने वाले साप्ताहिक हाट में गोवंशीय पशुओं के क्रय-विक्रय को लेकर अनुमंडल दंडाधिकारी संजय कुमार ने सख्त रुख अपनाया है। हाल के दिनों में हुई छापेमारी, प्राप्त सूचनाओं एवं समीक्षा के क्रम में यह बात सामने आई है कि इस हाट में बड़ी संख्या में बछड़े, बैल, बूढ़े, अशक्त एवं बीमार पशुओं का क्रय विक्रय हो रहा है, जिनके संबंध में वध के उद्देश्य से अवैध व्यापार एवं परिवहन की आशंका व्यक्त की जा रही है। एसडीएम ने आज कृषि बाजार समिति कार्यालय पहुंचकर जिला पशु पशुपालन पदाधिकारी विद्यासागर सिंह एवं पणन सचिव राजीव रंजन सहित संबंधित के साथ बैठक की। बैठक के दौरान उन्होंने स्पष्ट किया है कि झारखंड गोवंशीय पशु हत्या प्रतिषेध अधिनियम, 2005 के तहत गोवंशीय पशुओं के वध के उद्देश्य से क्रय-विक्रय, परिवहन एवं तस्करी पूर्णतः प्रतिबंधित है और ऐसे मामलों में कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
वैध पशुपालकों और किसानों को तंग करना मकसद नहीं: उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य किसी भी वैध पशुपालक या किसान को परेशान करना नहीं है, बल्कि अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखना है। इस क्रम में बाजार समिति में गोवंशीय पशुओं के प्रवेश एवं क्रय-विक्रय को लेकर आवश्यक एहतियात लागू किए जा रहे हैं।
पशु स्वास्थ्य प्रमाण पत्र होगा जरूरी: अब बिना पशु चिकित्सक द्वारा जारी स्वास्थ्य प्रमाणपत्र के किसी भी पशु को लेकर इस हाट में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। साथ ही प्रत्येक लेन-देन का विधिवत अभिलेख संधारित किया जाएगा तथा खरीदार एवं विक्रेता की पहचान सुनिश्चित की जाएगी। अत्यधिक बूढ़े, बीमार एवं अशक्त पशुओं की बिक्री पर प्रतिबंध रहेगा।
गोवंशीय पशुओं की थोक खरीदारी पर रहेगा प्रतिबंध: एसडीएम ने कहा कि बाजार समिति परिसर के अंदर अब बिना वैध दस्तावेज के थोक खरीद अथवा परिवहन को पूर्णतः वर्जित किया जा रहा है। यानि अगर कोई एक ही व्यापारी बार-बार बड़ी मात्रा में पशुओं की खरीदारी कर रहा है तो इसे संदिग्ध गतिविधि मानते हुए उस व्यापारी के विरुद्ध जांचोपरांत कार्रवाई की जा सकती है।
हर गुरुवार को मौजूद रहेगी पशुपालन और पुलिस की टीम: अनुमंडल पदाधिकारी द्वारा यह भी स्पष्ट किया गया है कि अगले सप्ताह से हर गुरुवार को बाजार समिति परिसर में पशुपालन विभाग के अधिकारियों एवं पुलिस की प्रतिनियुक्ति की जाएगी, यह टीम गोवंशीय पशु हाट एवं एग्जिट एंट्री के प्रमुख मार्गों पर नियमित रूप से औचक निरीक्षण एवं छापेमारी अभियान चलायेगी। नियमों का उल्लंघन करते पाए जाने पर संबंधित पशुओं एवं वाहनों की जब्ती के साथ-साथ दोषियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
..अन्यथा बाजार समिति के अंदर गोवंश की खरीद-बिक्री पर लग जाएगी रोक: एसडीएम ने बाजार समिति सचिव को भी निर्देशित किया कि वे बिना जांच किसी भी पशु को हाट में प्रवेश न करने दे तथा सभी नियमों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करे। अनुमंडल पदाधिकारी ने सभी पशुपालकों एवं व्यापारियों से अपील की है कि वे केवल वैध उद्देश्य से ही पशुओं का क्रय-विक्रय करें तथा प्रशासन द्वारा निर्धारित दिशा-निर्देशों का पालन करें। उन्होंने कहा कि नियमों का पालन करने पर पूर्ण सहयोग दिया जाएगा, जबकि अवैध गतिविधियों में संलिप्त लोगों के विरुद्ध “जीरो टोलरेंस” की नीति अपनाई जाएगी। कहा कि यथाशीघ्र उक्त नियमों को अनुपालित नहीं करने पर बाजार समिति परिसर में गोवंश पशुओं के व्यापार को निषेधित कर दिया जाएगा।








